Do Dil Ek Dhadkan
उसकी मुस्कुराहट ने मुझे जमाने के गम भुलाये..
सुकुन की तलाश मुझे, तो मेरा वो सुकुन बन जाये...
काफिर बन अर्ज करू दर दर खुदा तेरे.. बस इतना कर दे..
यार मासुम मेरा.. ऐसी मासुमियत कोइ ना रुलाये.. ❣️